Text selection Lock by Hindi Blog Tips

Tuesday, August 16, 2016

अनुभव की महक

     " बीबी जी, दूध वाला घी का डिब्बा दे गया है। "
     " अच्छा ! मांजी को पता तो नहीं चला ना ? "
    " नहीं , मैंने उसे रात  को ही लाने का कहा था ! "
     " माँजी भी कमाल की हैं।  दूध वाले से दूध,खोया और पनीर सब लेते हैं पर घी में ना जाने क्यों उनको बदबू आती है ? कहती है घी या तो मिलावटी है या कच्ची  क्रीम से बनाया गया है। पिछली बार  तो वापस करवा दिया था लेकिन बार मैं भी देखती हूँ कि उनको कैसे पता चलता है, ब्रांडेड घी के डिब्बे में मंगवाया है ! "
    " मंगत तू मांजी के सामने ही इस डिब्बे से घी निकालना ! "
    कुछ समय पश्चात खाने की  मेज पर......
" ओह्ह ! आज कल अच्छी कम्पनी का घी भी मिलावटी आने लगा है ! बिटिया कल दुकान वाले फोन कर के शिकायत करना ! "
 

9 comments:

  1. यही कहेंगे अनुभव बोलता है, उससे ज्यादा देर तक कुछ भी ढंका नहीं रखा जा सकता है
    बहुत सुन्दर

    ReplyDelete
    Replies
    1. हार्दिक आभार ..

      Delete
  2. आपकी लिखी रचना "पांच लिंकों का आनन्द में" गुरुवार 18 अगस्त 2016 को लिंक की गई है...............http://halchalwith5links.blogspot.in पर आप भी आइएगा ....धन्यवाद!

    ReplyDelete
    Replies
    1. हार्दिक आभार ...

      Delete
  3. तभी तो यह कहावत बनी ,बाल धूप में सफेद नहीं किये हैं ।

    ReplyDelete
  4. तभी तो यह कहावत बनी ,बाल धूप में सफेद नहीं किये हैं ।

    ReplyDelete
  5. अनुभव किसी ब्रांड का मोहताज नहीं है। सुन्दर प्रस्तुति।

    ReplyDelete
  6. अनुभव किसी ब्रांड का मोहताज नहीं है। सुन्दर प्रस्तुति।

    ReplyDelete